खिलजी वंश का संक्षिप्त परिचय (1290-1320)

खिलजी वंश दिल्ली सल्तनत का दूसरा वंश था जिसकी स्थापना जलालुद्दीन फिरोज खिलजी ने 1290 ई. में की। इस वंश के शासकों ने भारतीय उपमहाद्वीप में 1290 से 1320 ई. … Read More

गुलाम वंश के प्रमुख शासकों का संक्षिप्त परिचय (1206-1290 ई.)

1192 में तराइन के द्वितीय युद्ध में पृथ्वीराज चौहान को पराजित करने के बाद अपने द्वारा जीते हुए उत्तर भारत के क्षेत्रों को मोहम्मद गोरी अपने एक योग्य गुलाम एवं … Read More

घाघरा का युद्ध (6 मई 1529)

यद्यपि खानवा के युद्ध में विजय के पश्चात बाबर निर्विवादित रूप से दिल्ली का सम्राट बन चुका था फिर भी उसे बचे हुए अफगान सरदारों को पराजित करने के लिए … Read More

चंदेरी का युद्ध ( 29 जनवरी 1528)

चंदेरी का युद्ध मुगल शासक बाबर और मेदिनी राय के बीच हुआ था। बाबर राजपूतों की शक्ति को पूर्ण रूप से समाप्त करना चाहता था ताकि वे उसके विरुद्ध फिर … Read More

खानवा का युद्ध (16 मार्च 1527)

खानवा का युद्ध वर्तमान राजस्थान के भरतपुर जनपद में स्थित खानवा नामक गांव में 16 मार्च 1527 को लड़ा गया। यह युद्ध मुगल सम्राट बाबर और मेवाड़ के राजपूत शासक … Read More

एक तीर जिसने युद्ध के परिणाम को पलट दिया: पानीपत का द्वितीय युद्ध (5 नवंबर 1556)

पानीपत का द्वितीय युद्ध 5 नवंबर 1556 को उत्तर भारत के हिंदू सम्राट हेमचंद्र विक्रमादित्य(प्रचलित नाम-हेमू) और अकबर की सेनाओं के बीच हुआ। इस युद्ध के कुछ सप्ताह पहले ही … Read More

पानीपत का तृतीय युद्ध(1761)

पानीपत का तृतीय युद्ध अफगानिस्तान के शासक अहमद शाह अब्दाली (उसे अहमद शाह दुर्रानी भी कहा जाता है) और मराठों के बीच पानीपत के मैदान में 14 जनवरी 1761 को … Read More

वांडीवाश का युद्ध (1760)

वांडीवाश का युद्ध सन 1760 में अंग्रेजों और फ्रांसीसियों के मध्य हुआ था। वांडीवाश वर्तमान भारत के तमिलनाडु राज्य के पुदुचेरी (पांडिचेरी) में स्थित है। इस युद्ध में फ्रांसीसियों की … Read More

बक्सर का युद्ध( 22 अक्टूबर 1764 ई.)

    मीर कासिम का शासन काल (1760-1764) 1757 में प्लासी युद्ध के बाद अंग्रेजो ने मीरजाफर को बंगाल का नवाब बना दिया और कंपनी ने बंगाल में मनमानी प्रारंभ … Read More

प्लासी का युद्ध (23 जून 1757 ई.)

23 जून 1757 को लड़ा गया प्लासी का युद्ध बंगाल के नवाब के विरुद्ध ब्रिटिश ईस्ट इंडिया कंपनी की निर्णायक विजय थी। इस युद्ध में अंग्रेजो की तरफ से उसकी … Read More